ठेकदार और नगरपालिका प्रशासन ठेका सफाई कर्मचारियों का शोषण करना बंद करें : सीटू
ठेकदार और नगरपालिका प्रशासन ठेका सफाई कर्मचारियों का शोषण करना बंद करें : सीट
नारायणगढ़ 22 जनवरी। शहरी ठेका सफाई कर्मचारियों का लंच टाईम में नगरपालिका कार्यलय पर तीसरे दिन भी प्रदर्शन जारी रहा। यूनियन प्रधान शशांक हँस व सचिव बीर सिंह ने बताया कि सफाई के काम का टेंडर हुए सात महीने हो गए है। परन्तु ठेकेदार ने आज तक वर्क आर्डर की शर्तो क़ो लागू नहीं किया है।जिस कारण सफाई कर्मियों का ठेकेदार व प्रशासन जमकर शोषण कर रहा है।

सीटू राज्य सचिव सतीश सेठी ने बताया कि जुलाई 2025 में नगरपालिका प्रशासन ने दी गिल को- आपरेटिव लैबर एवं कंस्ट्रक्शन लि. जींद क़ो एक साल के लिए 4,52,222 रू महीना में शहर की गलियों व नालियों की सफाई के लिए ठेका दिया था। वर्कआर्डर की शर्तो मुताबिक ठेकेदार ने एक तो जरूरत मुताबिक कर्मचारी नियुक्त नहीं किए। दूसरे जो लगाए भी है उनको वर्कआर्डर मुताबिक अभी तक सरकार द्वारा निश्चित न्यूनतम वेतन नहीं दिया जा रहा। उन्हें जो वेतन मिलता है वह भी आज तक समय पर नहीं मिला। ईएसआई कार्ड नहीं दिए जबकि उनका फंड नियमित रूप से काटा जा रहा है। इसी प्रकार वर्दी, जूते व मेडिकल किट तक भी नहीं दी गई। मास अक्टूबर महीने मे लगातार काम करने के बावजूद 14 दिन के वेतन में जबरी कटौती कर ली गई। प्रशासन ने कारण पूछने पर बताया कि हाज़री का पोर्टल नहीं चला। जबकि यह काम प्रशासन का है कर्मचारियों का नहीं।
सेठी ने कहा कि नियम मुताबिक ठेकेदार से वर्कआर्डर क़ो लागू करवाने की जिम्मेवारी नगरपालिका प्रशासन की होती है। परन्तु वह अपनी जिम्मेवारी निभाने की बजाए ठेकेदार की जेबे भरने में लगा हुआ है। जनता के पैसे की जमकर लूट हो रही है। कर्मचारी जब अपने हकों की बात करते है तो प्रशासन उनको डराने धमकाने का काम करता है। सीटू प्रशासन को कहना चाहता है कि तानाशाही को छोड़ ठेकेदार से वर्क आर्डर लागू करवाकर सफाई कर्मचारियों को न्याय प्रदान करें।